Thursday, April 30, 2026
28.1 C
Delhi
Thursday, April 30, 2026
spot_img
Homeशिक्षाफरवरी से शुरू होंगी 10वीं-12वीं की बोर्ड परीक्षाएं, पुरानी वार्षिक परीक्षा प्रणाली...

फरवरी से शुरू होंगी 10वीं-12वीं की बोर्ड परीक्षाएं, पुरानी वार्षिक परीक्षा प्रणाली का होगा अंत…

सी.जी.प्रतिमान न्यूज़:

रायपुर 1 जनवरी / छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में वर्ष 2026 से एक ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिलेगा। वार्षिक परीक्षा प्रणाली से पढ़ाई करने वाले छात्रों का यह आखिरी बैच होगा, जो कॉलेज से पास आउट होगा। इसके बाद महाविद्यालयों में वार्षिक परीक्षा पद्धति पूरी तरह समाप्त हो जाएगी और राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के तहत नई प्रणाली लागू होगी।

2026 में खत्म होगी वार्षिक परीक्षा प्रणाली:

जानकारी के अनुसार, जुलाई 2025 में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थी वार्षिक पद्धति से पढ़ाई करने वाले अंतिम छात्र समूह हैं। इन छात्रों की वार्षिक परीक्षाएं मार्च-अप्रैल 2026 में आयोजित की जाएंगी। परीक्षा परिणाम के बाद यह बैच महाविद्यालयों से पास आउट हो जाएगा और इसके साथ ही वार्षिक परीक्षा प्रणाली इतिहास बन जाएगी।

फेल या पूरक छात्रों के लिए केवल परीक्षाएं:

वार्षिक पद्धति समाप्त होने के बाद नियमित कक्षाएं संचालित नहीं की जाएंगी। हालांकि, जो विद्यार्थी पूरक (Supplementary) या अनुत्तीर्ण श्रेणी में रहेंगे, उनके लिए केवल परीक्षाएं आयोजित की जाएंगी, लेकिन उनके लिए अलग से नियमित कक्षाएं नहीं लगेंगी।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत नया सिस्टम लागू:

शिक्षा विभाग के अनुसार जुलाई 2024 में प्रथम वर्ष, जुलाई 2025 में द्वितीय वर्ष जुलाई 2026 में तृतीय वर्ष से राष्ट्रीय शिक्षा नीति पूरी तरह लागू हो जाएगी। इसके बाद कॉलेजों में सेमेस्टर और मल्टीपल एग्ज़िट-एंट्री सिस्टम के तहत पढ़ाई कराई जाएगी।

10वीं-12वीं की बोर्ड परीक्षाएं अब फरवरी से:

छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिम) द्वारा आयोजित की जाने वाली 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं इस बार मार्च के बजाय फरवरी माह से शुरू होंगी। साथ ही, प्रायोगिक परीक्षाएं अब 1 जनवरी से शुरू होंगी। पहले ये परीक्षाएं 10 जनवरी से होती थीं।

साल में दो बार होगी बोर्ड परीक्षा:

माशिम द्वारा वर्ष में दो बार 10वीं-12वीं की परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं। पहली परीक्षा जल्दी इसलिए कराई जा रही है ताकि दूसरी परीक्षा नए शैक्षणिक सत्र की प्रवेश प्रक्रिया से पहले पूरी की जा सके।

तिमाही-छमाही अंकों का भी होगा असर:

इस बार बोर्ड परीक्षा परिणाम में तिमाही और छमाही परीक्षाओं के अंक भी जोड़े जाएंगे। यह बदलाव होम बोर्ड परीक्षा देने वाले छात्रों पर भी लागू होगा, जिससे उनके अंतिम परिणाम पर सीधा प्रभाव पड़ेगा। 2026 से छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में पुरानी वार्षिक परीक्षा प्रणाली पूरी तरह समाप्त हो जाएगी। बोर्ड परीक्षाओं की तारीखों में बदलाव और नई शिक्षा नीति के लागू होने से छात्रों को पढ़ाई और परीक्षा की रणनीति नए सिरे से बनानी होगी।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -spot_img

Most Popular